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×"चुनाव लड़ना"× शब्द की जगह


√"चुनाव करना"√ शब्द बहुत अंतर लाएगा।


कॉलेज में छात्रसंघ चुनाव की घोषणा हो चुकी है। माहौल काफी गर्म है। शिक्षा जगत इस गर्म माहौल को भाव-परिवर्तन और विचार-परिवर्तन द्वारा काफी शीतल बना सकता है। इसके लिए प्रयोग किए जाने वाले "शब्दों में परिवर्तन" जरूरी है।


जब कोई उम्मीदवार बोलता है कि "मैं चुनाव लड़ रहा हूं" तो वह अपने प्रतिपक्षी को दुश्मन की तरह देखने लगता है और हर कीमत पर जीतने का प्रबंध करने लगता है।


वस्तुत: "चुनाव किया जाता है" क्योंकि 2 उम्मीदवार में से एक को उन्नीस (19)मत मिलता है और दूसरे को बीस(20) तो दूसरा जीत जाता है और पहला हार जाता है। जीतने वाला अहंकार से भर जाता है और हारने वाला अपमानित महसूस करता है।


लोकतंत्र में आस्था रखने वाले के लिए दोनों के पास मतदाताओं का समर्थन है; बस 19-20 का अंतर है।


अतः राजनीति की प्रथम पाठशाला कहे जाने वाले इस छात्र संघ चुनाव में उम्मीदवार एक दूसरे को दुश्मन की तरह न देखकर "हमराही" की तरह देखें क्योंकि दोनों की मंजिल है- "छात्र-हित"


'शिष्य-गुरु संवाद' से डॉ सर्वजीत दुबे🙏🌹